डोकलाम विवाद: भारत-भूटान संबंध

An Analysis of India-Bhutan Relations in the Context of the Doklam Dispute

by Mamta Rani*,

- Published in Journal of Advances and Scholarly Researches in Allied Education, E-ISSN: 2230-7540

Volume 16, Issue No. 5, Apr 2019, Pages 975 - 977 (3)

Published by: Ignited Minds Journals


ABSTRACT

डोकलाम विवाद का मुख्य कारण चीन की विस्तारवादी मंशा है जिसके चलते चीन का लगभग सभी पड़ोसी देशों के साथ विवाद चल रहा है। चीन और भूटान के बीच में वर्ष 1988 और 1998 में समझोता हुआ था कि दोनों देश डोकलाम क्षेत्र में शांति बनाए रखने की दिशा में काम करेंगे। वर्ष 1986 के बाद से ही चीन-भूटान से कुछ क्षेत्रों पर अतिक्रमण करता आ रहा है। परंतु डोकलाम विवाद में अभी तक चीन की सेना की कोई भी स्थाई उपस्थिति नहीं थी। वर्ष 1949 की भारत-भूटान संधि के अनुसार भूटान की सुरक्षा का दायित्व भारत का है। भूटान में भारतीय सेना भी तैनात हैं।भारत एकउभरती हुई महाशक्ति है जिसके कारण अपने छोटे पड़ोसी देशों को सुरक्षा प्रदान करना भारत का दायित्व है।

KEYWORD

डोकलाम, विवाद, भारत-भूटान संबंध, चीन, विस्तारवादी मंशा, समझोता, शांति, अतिक्रमण, सेना, सुरक्षा, भूटान, भारतीय सेना, महाशक्ति, पड़ोसी देश, सुरक्षा प्रदान, दायित्व