18वीं शताब्दी के ब्रिटिश युग में शिक्षा तथा साहित्य विश्लेषणात्मक अध्ययन
ब्रिटिश युग में भारतीय शिक्षा और साहित्य के अध्ययन का विश्लेषण
Keywords:
शिक्षा, साहित्य, अध्ययन, ब्रिटिश युग, अराजकताAbstract
अठारहवीं शती भारत के इतिहास में ‘भीषण अराजकता’ का संदेश लेकर आई थी। चारों तरफ अफरा-तफरी का माहौल हो गया। रोज-रोज के लड़ाई-झगडत्रे, मार-पीट, कलह-द्वेष ने जन-जीवन को अधमरा बनाकर रख दिया। हमारे क्षेत्र की हो, इसकी थिति के कारण और भी मिट्टी पलीद हो गई। अंग्रेजों ने कुछ कानून-व्यवस्था ठीक की, अराजकता भी कुछ कम हुई, लेकिन शिक्षा और साहितय की सद्गति, जैसा कि नीचे देखेंगे, अब भी नहीं हुई।Downloads
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Published
2019-03-01
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Section
Articles
How to Cite
[1]
“18वीं शताब्दी के ब्रिटिश युग में शिक्षा तथा साहित्य विश्लेषणात्मक अध्ययन: ब्रिटिश युग में भारतीय शिक्षा और साहित्य के अध्ययन का विश्लेषण”, JASRAE, vol. 16, no. 4, pp. 639–642, Mar. 2019, Accessed: Mar. 13, 2026. [Online]. Available: https://ignited.in/index.php/jasrae/article/view/10518






