डॉ. भीमराव अम्बेडकर के सामाजिक और शैक्षिक विचारों का अध्ययन
डॉ. भीमराव अम्बेडकर: समाज सुधारक और शैक्षिक विचारों का अध्ययन
Keywords:
डॉ. भीमराव अम्बेडकर, सामाजिक विचार, शैक्षिक विचार, विधिवेत्ता, समाज सुधारक, संविधान शिल्पी, राजनीतिज्ञ, अपमान, दलितों, स्थितिAbstract
अगाध ज्ञान के भण्डार, घोर अध्यवसायी, अदभुत प्रतिभा, सराहनीय निष्ठा, न्यायशीलता तथा स्पष्टवादिता के धनी डॉ. भीमराव अम्बेडकर एक विधिवेत्ता, अर्थशास्त्री, समाज सुधारक, संविधान शिल्पी और राजनीतिज्ञ थे। अम्बेडकर जी का सम्पूर्ण जीवन भारतीय समाज में सुधार के लिए समर्पित था। अस्पृश्यों तथा दलितो के वे मसीहा थे। उन्होने अपने विरूद्व होने वाले अत्याचारों, शोषण अन्याय तथा अपमान से संघर्ष करने के लिये शिक्षा रूपी शक्ति दी। उनके अनुसार सामाजिक प्रताड़ना राज्य द्वारा दिये जाने वाले दण्ड में भी कही अधिक दुःखदायी हैं। उन्होने न सिर्फ समाज में दलितों और अछूतों की स्थिति में सुधार के लिये कार्य किया अपितु श्रमिकों, किसानों, महिलाओं तथा समाज के प्रत्येक वर्ग के अधिकारों और उनकी शिक्षा के लिये कार्य किया। अम्बेडकर जी द्वारा किये गये कार्यो के कारण ही उन्हे भारत का अब्राहम लिंकन और मार्टिन लूथर कहा गया है तथा उन्हें बोधिसत्व की उपाधि से भी विभूषित किया गया।Downloads
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Published
2019-03-01
Issue
Section
Articles
How to Cite
[1]
“डॉ. भीमराव अम्बेडकर के सामाजिक और शैक्षिक विचारों का अध्ययन: डॉ. भीमराव अम्बेडकर: समाज सुधारक और शैक्षिक विचारों का अध्ययन”, JASRAE, vol. 16, no. 4, pp. 1709–1711, Mar. 2019, Accessed: Mar. 13, 2026. [Online]. Available: https://ignited.in/index.php/jasrae/article/view/10721






